वार्षिकोत्सव में रंगारंग कार्यक्रम पेश कर विद्यार्थियों ने मोहा मन

0
1277

चिन्मय विद्यालय में हुआ वार्षिकोत्सव कार्यक्रम
बोकारो: चिन्मय विद्यालय के स्वामी तपोवन सभागार में कक्षा 9वीं से 12वीं का वार्षिकोत्सव मनाया गया। इस कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं ने नृत्य, संगीत एवं नाटकों के माध्यम से राष्ट्रप्रेम, असफल गणराज्य, नारी शक्ति एवं नारी की पीड़ा को मंच पर प्रस्तुत किया। उनके रंग-बिरंगे एवं भावपूर्ण प्रस्तुति को देखकर सभागार में प्रस्तुत सभी दर्शक भाव-विभोर हो गए।

नृत्य नाटिका व संस्कृत नाटिका किया गया प्रस्तुत 

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि चिन्मय मिशन, पूर्वी क्षेत्र के प्रबंधक विश्वरुप मुखोपाध्याय ने कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वल्लित कर किया। उनके साथ चिन्मय मिशन, बोकारो की आचार्या स्वामिनी संयुक्तानंद, प्राचार्य डॉ अशोक सिंह एवं उप-प्राचार्य ए के झा उपसथित थे। अतिथियों का स्वागत छात्र परिषद के सम्यक ने स्वागत भाषण से किया।

बेहद मनभावन था महिषासुर मर्दिनी 

इस अवसर पर छात्रों द्वारा प्रस्तुत राष्ट्रप्रेम से ओतप्रोत संस्कृत नाटिका एवं नृत्य नाटिका महिषासूर मर्दिनी की विशेष रुप से पंसद किया गया। कव्वाली एवं क्षेत्रीय गीतों की स्वागत गान लड़ी ने सूर एवं संगीत का वो समा बाँधा की दर्शक झूमने पर विवश हो गये। साथ ही अंग्रेजी नाटक ‘‘किंगडम ऑफ फूल्स’’ और हिन्दी नृत्य नाटिका ‘‘नारी तू नारायणी’’ ने समसामयिक सामाजिक मुद्दो को गंभीरता से उठाया।

विजेताओ को मुख्य अतिथि ने किया पुरस्कृत 

इस मौके पर आईएमओ के क्षेत्रीय विजेताओं को मुख्य अतिथि ने पुरस्कृत किया। अपने संवोधन में मुख्य अतिथि विश्वरुप मुखोपाध्याय ने कहा की ऐसे कार्यक्रम बच्चों के हुनर को पहचानने में मदद करते है। चिन्मय विद्यालय नित नई ऊचाईयों को छू रहा है। आज सभी अभिभावक गुणात्मक शिक्षा के लिये चिन्मय विद्यालय को ही प्राथमिकता देते हैं।

जीवन मे सफल होने के लिए बच्चों को दिए गए टिप्स 

उन्होंने बच्चों को जीवन में सफल होने के मंत्र दिये। उन्होंने कहा की बच्चों को सदैव तत्पर रहना चाहिये और सभी तरह की परिस्थितियों में अपने आप को निखारना चाहिये। जो समय को महत्व नहीं देते उन्हें समय कभी महत्व नहीं देता। कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद ज्ञापन विद्यार्थी परिषद की शैल्य शंकर ने दिया। इस मौके पर सैकड़ों की संख्या में अभिभावकगण मौजूद रहे। इस कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यार्थी परिषद का विशेष योगदान रहा। मंच संचालन प्रतीक दुर्गापाल, ऐश्वर्या एवं शैल्य शंकर ने किया। कार्यक्रम का समन्वय सुनिल कुमार ने किया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here